upsc ki pariksha kaise hoti hai — यह सवाल सुनने में आसान है, पर इसका पूरा जवाब लगभग 13–15 महीने लंबी एक प्रक्रिया है। सिविल सेवा परीक्षा (CSE) में नोटिफिकेशन से लेकर अंतिम परिणाम तक तीन चरण होते हैं: प्रारंभिक परीक्षा, मुख्य परीक्षा और व्यक्तित्व परीक्षण (साक्षात्कार)। इसके बीच आवेदन, ई-एडमिट कार्ड, विवरण अपडेट करने की विंडो, सेवा आवंटन और अंत में अकादमी में ट्रेनिंग आती है।
इस लेख में आपको हर चरण की ठीक-ठीक जानकारी मिलेगी: कौन-सा पेपर कितने अंक का है, कितने घंटे का है, नेगेटिव मार्किंग कितनी है, किस पेपर के अंक मेरिट में जुड़ते हैं और किसके नहीं, पिछले वर्षों के आधिकारिक कट-ऑफ, और CSE 2027 की पूरी टाइमलाइन। सारे नियम UPSC के CSE 2026 नोटिफिकेशन (परीक्षा सूचना सं. 05/2026-CSE, दिनांक 04.02.2026) और UPSC कैलेंडर 2027 से मिलाए गए हैं (सितंबर 2026 तक की स्थिति)।
UPSC Ki Pariksha Kaise Hoti Hai: एक नज़र में पूरा ढांचा
| चरण | प्रकृति | अंक | क्या अंतिम मेरिट में जुड़ता है? |
|---|---|---|---|
| प्रारंभिक परीक्षा (Prelims) | 2 वस्तुनिष्ठ पेपर | 200 + 200 | नहीं — केवल मुख्य परीक्षा के लिए छंटनी |
| मुख्य परीक्षा (Mains) | 9 वर्णनात्मक पेपर | 7 पेपर × 250 = 1750 (+ 2 क्वालिफाइंग भाषा पेपर, 300-300) | हाँ, 1750 अंक |
| व्यक्तित्व परीक्षण (Interview) | बोर्ड के साथ बातचीत | 275 | हाँ, 275 अंक |
| कुल (अंतिम मेरिट) | 2025 |
यानी अंतिम रैंक केवल मुख्य परीक्षा (1750) और साक्षात्कार (275) के जोड़ से बनती है। प्रारंभिक परीक्षा सिर्फ़ एक छलनी है।
चरण 1: नोटिफिकेशन और ऑनलाइन आवेदन
नोटिफिकेशन कब आता है
UPSC हर साल अपना वार्षिक कैलेंडर पहले से जारी करता है। CSE 2026 का नोटिफिकेशन 4 फरवरी 2026 को आया था और आवेदन 27 फरवरी 2026 तक हुए। CSE 2027 के लिए कैलेंडर के अनुसार नोटिफिकेशन 13 जनवरी 2027 को आएगा और आवेदन की अंतिम तिथि 2 फरवरी 2027 है। यानी आवेदन के लिए लगभग तीन हफ़्ते मिलते हैं — दस्तावेज़ पहले से तैयार रखें।
आवेदन की नई व्यवस्था (2026 से)
CSE 2026 में आवेदन प्रक्रिया upsconline.nic.in पर नई संरचना में हुई, और 2027 में भी इसी ढांचे की उम्मीद है (नया नोटिफिकेशन आने पर पुष्टि करें):
- अकाउंट और URN: ईमेल और मोबाइल से रजिस्ट्रेशन के बाद एक यूनिवर्सल रजिस्ट्रेशन नंबर (URN) बनता है। नोटिफिकेशन के अनुसार URN जीवन में एक ही बार बनाना होता है; हर परीक्षा के लिए आवेदन संख्या अलग बनती है।
- कॉमन एप्लिकेशन फॉर्म (CAF): व्यक्तिगत विवरण, शिक्षा, पहचान पत्र, श्रेणी — यह सभी UPSC परीक्षाओं में दोबारा काम आता है।
- परीक्षा-विशेष भाग: परीक्षा केंद्र, शुल्क, वैकल्पिक विषय, माध्यम और सेवाओं की वरीयता।
2026 के मुख्य बदलाव जो आपको पता होने चाहिए:
- लाइव फोटो: फोटो अपलोड करने के साथ-साथ फॉर्म भरते समय कैमरे से लाइव फोटो भी लेनी होती है। दोनों फोटो आपके वर्तमान चेहरे से मिलनी चाहिए।
- आधार: UPSC ने पहचान दस्तावेज़ के रूप में आधार इस्तेमाल करने की "पुरज़ोर सलाह" दी है ताकि सत्यापन आसान हो। यह सलाह है, अनिवार्यता नहीं; अन्य मान्य फोटो पहचान पत्र भी चलते हैं।
- परीक्षा केंद्र पर फेस ऑथेंटिकेशन: नोटिफिकेशन के अनुसार सभी उम्मीदवारों को परीक्षा स्थल पर अनिवार्य रूप से चेहरे का सत्यापन करवाना होगा।
- सबमिट के बाद बदलाव नहीं: फॉर्म जमा करने के बाद आवेदन वापस नहीं लिया जा सकता। 2026 में आवेदन बंद होने के बाद 28 फरवरी से 3 मार्च 2026 तक एक सुधार (करेक्शन) विंडो दी गई थी।
- सेवाओं की वरीयता आवेदन में ही: 2026 नोटिफिकेशन के अनुसार सेवाओं और होम कैडर (IAS/IPS) की वरीयता आवेदन में ही भरनी होती है, और बाद में इसमें बदलाव केवल उसी सीमित प्रावधान के तहत हो सकता है जो नोटिफिकेशन में दिया गया है। इसलिए वरीयता सोच-समझकर भरें।
- सेवारत अधिकारी: पहले से IAS/IFS में नियुक्त व्यक्ति आवेदन नहीं कर सकता; IPS में नियुक्त व्यक्ति दोबारा IPS नहीं चुन सकता।
पात्रता संक्षेप में: 1 अगस्त को आयु 21–32 वर्ष (सामान्य/EWS; OBC को +3, SC/ST को +5, PwBD को +10 वर्ष की छूट), किसी भी विषय में स्नातक (अंतिम वर्ष के छात्र प्रारंभिक परीक्षा दे सकते हैं), प्रयास सामान्य/EWS 6, OBC 9, SC/ST आयु सीमा तक असीमित। शुल्क ₹100; महिलाओं, SC/ST और PwBD को छूट। पात्रता का विस्तार UPSC in Hindi वाले लेख में है।
ई-एडमिट कार्ड
एडमिट कार्ड डाक या ईमेल से नहीं आता। नोटिफिकेशन के अनुसार ई-एडमिट कार्ड परीक्षा से पहले वाले सप्ताह के अंतिम कार्य-दिवस पर वेबसाइट पर डाउनलोड के लिए उपलब्ध होता है। परीक्षा स्थल पर हर सत्र शुरू होने से कम से कम 30 मिनट पहले पहुँचना है; देर से आने वालों को किसी भी स्थिति में प्रवेश नहीं मिलता। 2026 नोटिफिकेशन में प्रारंभिक परीक्षा के लिए 83 और मुख्य परीक्षा के लिए 27 केंद्र सूचीबद्ध थे।
चरण 2: प्रारंभिक परीक्षा (Prelims) कैसे होती है
प्रारंभिक परीक्षा एक ही दिन, दो सत्रों में होती है। हाल के वर्षों के ई-एडमिट कार्ड के अनुसार पहला पेपर सुबह 9:30–11:30 और दूसरा दोपहर 2:30–4:30 होता है (अपने एडमिट कार्ड पर समय ज़रूर जाँचें)। प्रश्नपत्र हिंदी और अंग्रेज़ी दोनों में छपते हैं।
| पेपर | अंक | समय | प्रश्न (हाल के वर्षों में) | प्रति प्रश्न अंक | गलत उत्तर पर कटौती | भूमिका |
|---|---|---|---|---|---|---|
| सामान्य अध्ययन पेपर-I (GS) | 200 | 2 घंटे | 100 | 2 | 0.66 (एक-तिहाई) | मुख्य परीक्षा के लिए कट-ऑफ इसी पर |
| सामान्य अध्ययन पेपर-II (CSAT) | 200 | 2 घंटे | 80 | 2.5 | 0.83 (एक-तिहाई) | केवल क्वालिफाइंग — 33% यानी 66 अंक ज़रूरी |
नेगेटिव मार्किंग के नियम
- हर गलत उत्तर पर उस प्रश्न के अंकों का एक-तिहाई (0.33) कटता है।
- एक से अधिक विकल्प भरने को भी गलत उत्तर माना जाता है और उतनी ही कटौती होती है।
- प्रश्न खाली छोड़ने पर कोई कटौती नहीं।
उदाहरण: GS पेपर-I में आपने 80 प्रश्न किए, 62 सही, 18 गलत। अंक = 62 × 2 − 18 × 0.66 = 124 − 11.88 = 112.12। यही 18 गलत प्रश्न अगर छोड़ दिए होते तो 124 अंक होते। यह गणित समझना ज़रूरी है, क्योंकि कट-ऑफ के आसपास 5–6 अंक का फ़र्क ही चयन तय करता है।
कट-ऑफ कैसे काम करता है
- पहले देखा जाता है कि आपने CSAT में कम से कम 66 अंक (33%) पाए हैं या नहीं।
- जो CSAT पास हैं, उनकी मेरिट केवल GS पेपर-I के अंकों पर बनती है।
- नोटिफिकेशन के अनुसार मुख्य परीक्षा में लगभग रिक्तियों के 12–13 गुना उम्मीदवार बुलाए जाते हैं। इसलिए कट-ऑफ पहले से तय नहीं होता; यह पेपर की कठिनाई और रिक्तियों पर निर्भर करता है।
UPSC श्रेणी-वार कट-ऑफ, उत्तर कुंजी और अंक पूरे परीक्षा-चक्र के अंतिम परिणाम के बाद ही जारी करता है। पिछले वर्षों के आधिकारिक कट-ऑफ (GS पेपर-I, 200 में से):
| वर्ष | सामान्य | EWS | OBC | SC | ST |
|---|---|---|---|---|---|
| CSE 2025 | 92.66 | 89.34 | 92.00 | 84.00 | 82.66 |
| CSE 2024 | 87.98 | 85.92 | 87.28 | 79.03 | 74.23 |
| CSE 2023 | 75.41 | — | — | — | — |
ध्यान दें कि 2023 से 2025 के बीच सामान्य वर्ग का कट-ऑफ 17 अंक से ज़्यादा ऊपर-नीचे हुआ। इसलिए "कितने अंक सुरक्षित हैं" का कोई तय जवाब नहीं है; अभ्यास में 100+ का लक्ष्य रखना समझदारी है।
CSE 2026 में प्रारंभिक परीक्षा 24 मई को हुई, परिणाम 15 जून 2026 को आया और 13,343 उम्मीदवार मुख्य परीक्षा के लिए सफल हुए।
हिंदी माध्यम के लिए सुझाव: प्रश्न पुस्तिका में हिंदी और अंग्रेज़ी दोनों पाठ होते हैं। अगर हिंदी अनुवाद में कोई शब्द उलझा हुआ लगे, तो उसी प्रश्न का अंग्रेज़ी पाठ पढ़ लें — इसकी आदत पिछले वर्षों के प्रश्नपत्र (PYQ) हल करते समय ही डालें। UPSC Answer Check पर 2014–2026 के प्रारंभिक PYQ (GS और CSAT) मुफ़्त पढ़े जा सकते हैं, और ज़्यादातर प्रश्नों में हर विकल्प की व्याख्या हिंदी में उपलब्ध है — इससे आपको दिखेगा कि UPSC किस तरह के शब्दों और कथनों में प्रश्न पूछता है।
चरण 3: प्रारंभिक परीक्षा के बाद — विवरण अपडेट (DAF-I)
पहले प्रारंभिक परीक्षा पास करने वालों को "डिटेल्ड एप्लिकेशन फॉर्म-I" (DAF-I) भरना होता था। 2026 नोटिफिकेशन में इसकी जगह एक 10 दिन की विंडो रखी गई है, जिसमें सफल उम्मीदवारों को लॉगिन करके अपने विवरण अपडेट/पुनःपुष्टि करके फॉर्म जमा करना होता है (और इसी विंडो में शुल्क भी, जहाँ लागू हो)। कोचिंग संस्थान और अभ्यर्थी अब भी इसे DAF-I ही कहते हैं। CSE 2026 में यह विंडो 19–28 जून 2026 थी। इसे छोड़ने का मतलब है मुख्य परीक्षा से बाहर होना।
चरण 4: मुख्य परीक्षा (Mains) कैसे होती है
मुख्य परीक्षा लिखित (वर्णनात्मक) होती है। CSE 2026 की मुख्य परीक्षा 21 अगस्त 2026 से शुरू हुई; 2027 में यह 20 अगस्त से 5 दिन के कार्यक्रम में होगी। हर पेपर 3 घंटे का होता है।
| पेपर | विषय | अंक | प्रकृति |
|---|---|---|---|
| पेपर-A | एक भारतीय भाषा (संविधान की आठवीं अनुसूची से) | 300 | क्वालिफाइंग (25% यानी 75 अंक) |
| पेपर-B | अंग्रेज़ी | 300 | क्वालिफाइंग (25% यानी 75 अंक) |
| पेपर-I | निबंध | 250 | मेरिट में जुड़ता है |
| पेपर-II | सामान्य अध्ययन-I (भारतीय विरासत व संस्कृति, इतिहास, विश्व और समाज का भूगोल) | 250 | मेरिट |
| पेपर-III | सामान्य अध्ययन-II (शासन, संविधान, राजव्यवस्था, सामाजिक न्याय, अंतरराष्ट्रीय संबंध) | 250 | मेरिट |
| पेपर-IV | सामान्य अध्ययन-III (प्रौद्योगिकी, आर्थिक विकास, जैव-विविधता, पर्यावरण, सुरक्षा, आपदा प्रबंधन) | 250 | मेरिट |
| पेपर-V | सामान्य अध्ययन-IV (नीतिशास्त्र, सत्यनिष्ठा और अभिरुचि) | 250 | मेरिट |
| पेपर-VI | वैकल्पिक विषय — प्रश्नपत्र 1 | 250 | मेरिट |
| पेपर-VII | वैकल्पिक विषय — प्रश्नपत्र 2 | 250 | मेरिट |
| लिखित कुल (मेरिट वाले 7 पेपर) | 1750 |
भाषा पेपर (A और B) का नियम
पेपर A और B मैट्रिक (10वीं) स्तर के होते हैं। नोटिफिकेशन का अहम नियम: सभी के निबंध, GS और वैकल्पिक पेपर जाँचे तो साथ-साथ जाते हैं, पर उन पर विचार केवल तभी होता है जब आप दोनों भाषा पेपरों में 25% अंक पा लें। यानी भाषा पेपर में फेल होने पर बाकी सारी मेहनत बेकार। पेपर-A अरुणाचल प्रदेश, मणिपुर, मेघालय, मिज़ोरम, नागालैंड और सिक्किम के उम्मीदवारों तथा श्रवण-बाधित श्रेणी के PwBD उम्मीदवारों के लिए अनिवार्य नहीं है। हिंदी पेपर-A की तैयारी पर अलग लेख है: Hindi for UPSC।
वैकल्पिक विषय: कितने विकल्प हैं
नोटिफिकेशन में 25 गैर-साहित्य विषय हैं — कृषि, पशुपालन एवं पशु चिकित्सा विज्ञान, नृविज्ञान, वनस्पति विज्ञान, रसायन विज्ञान, सिविल इंजीनियरिंग, वाणिज्य एवं लेखाविधि, अर्थशास्त्र, विद्युत इंजीनियरिंग, भूगोल, भूविज्ञान, इतिहास, विधि, प्रबंधन, गणित, यांत्रिक इंजीनियरिंग, चिकित्सा विज्ञान, दर्शनशास्त्र, भौतिकी, राजनीति विज्ञान एवं अंतरराष्ट्रीय संबंध, मनोविज्ञान, लोक प्रशासन, समाजशास्त्र, सांख्यिकी और प्राणि विज्ञान।
इसके अलावा 23 भाषाओं के साहित्य में से कोई एक चुना जा सकता है: असमिया, बंगाली, बोडो, डोगरी, गुजराती, हिंदी, कन्नड़, कश्मीरी, कोंकणी, मैथिली, मलयालम, मणिपुरी, मराठी, नेपाली, ओड़िया, पंजाबी, संस्कृत, संथाली, सिंधी, तमिल, तेलुगु, उर्दू और अंग्रेज़ी। कुल मिलाकर 48 विकल्प। वैकल्पिक विषय किसी भी स्नातक विषय से जुड़ा होना ज़रूरी नहीं है।
माध्यम (मीडियम) के नियम
- पेपर A और B को छोड़कर सभी पेपर आठवीं अनुसूची की किसी एक भाषा या अंग्रेज़ी में लिखे जा सकते हैं।
- जो उम्मीदवार निबंध और GS (पेपर I–V) किसी भारतीय भाषा (जैसे हिंदी) में लिखते हैं, वे चाहें तो वैकल्पिक विषय अंग्रेज़ी में लिख सकते हैं।
- भारतीय भाषा में लिखते समय तकनीकी शब्दों का अंग्रेज़ी रूप कोष्ठक में दिया जा सकता है — जैसे "मौद्रिक नीति समिति (Monetary Policy Committee)"। हिंदी माध्यम के लिए यह बड़ी राहत है, क्योंकि करेंट अफेयर्स के कई शब्दों का प्रचलित हिंदी रूप तय नहीं होता।
- मुख्य परीक्षा के प्रश्नपत्र (साहित्य पेपरों को छोड़कर) केवल हिंदी और अंग्रेज़ी में छपते हैं; यानी मराठी या तमिल में उत्तर लिखने वाले को भी प्रश्न हिंदी या अंग्रेज़ी में ही पढ़ने होंगे।
प्रश्नपत्र का स्वरूप (हाल के वर्षों के पेपरों के अनुसार)
हाल के वर्षों में GS के हर पेपर में 20 प्रश्न आए हैं — 10 प्रश्न 10 अंक के (लगभग 150 शब्द) और 10 प्रश्न 15 अंक के (लगभग 250 शब्द)। निबंध पेपर में दो खंडों से एक-एक, कुल दो निबंध लिखने होते हैं, हर एक लगभग 1000–1200 शब्द का। उत्तर प्रश्न-सह-उत्तर पुस्तिका (QCAB) में तय जगह पर ही लिखे जाते हैं। यह स्वरूप नोटिफिकेशन में तय नहीं है, इसलिए UPSC इसे बदल सकता है।
3 घंटे में 20 उत्तर का मतलब है लगभग 9 मिनट प्रति उत्तर। देवनागरी में लिखने की गति अंग्रेज़ी से अक्सर धीमी होती है, इसलिए हिंदी माध्यम वालों को समय-सीमा के साथ लिखने का अभ्यास और जल्दी शुरू करना चाहिए। लिखे हुए उत्तर पर तुरंत फ़ीडबैक चाहिए तो UPSC Answer Check के उत्तर मूल्यांकन में हिंदी में टाइप किया या हाथ से लिखे पन्ने की फोटो डालकर लगभग 30 सेकंड में अंक, छूटे कीवर्ड और मॉडल उत्तर देखे जा सकते हैं (हर महीने 5 मूल्यांकन मुफ़्त)।
मुख्य परीक्षा का कट-ऑफ
नोटिफिकेशन के अनुसार UPSC लिखित परीक्षा के क्वालिफाइंग अंक अपने विवेक से तय करता है, और साक्षात्कार के लिए रिक्तियों के लगभग दोगुने उम्मीदवार बुलाए जाते हैं। सामान्य वर्ग का मुख्य परीक्षा कट-ऑफ (1750 में से) CSE 2024 में 729 और CSE 2025 में 739 रहा। CSE 2025 की मुख्य परीक्षा का परिणाम 11 नवंबर 2025 को आया और 2,736 उम्मीदवार साक्षात्कार के लिए चुने गए।
चरण 5: मुख्य परीक्षा के बाद — विवरण अपडेट (DAF-II)
मुख्य परीक्षा का लिखित परिणाम आने के बाद साक्षात्कार के लिए चुने गए उम्मीदवारों को 15 दिन की विंडो मिलती है। इसमें शैक्षिक योग्यता का प्रमाण (स्नातक उत्तीर्ण होने का दस्तावेज़) और अन्य ज़रूरी विवरण/दस्तावेज़ अपलोड करने होते हैं। पहले इसे DAF-II कहा जाता था। नोटिफिकेशन के अनुसार यह न करने पर उम्मीदवारी रद्द हो जाती है। ध्यान रखें: साक्षात्कार बोर्ड के सामने आपका यही विवरण (शौक, उपलब्धियाँ, गृह राज्य, शिक्षा) रहता है, इसलिए इसमें जो भी लिखें, उस पर सवालों के लिए तैयार रहें।
चरण 6: व्यक्तित्व परीक्षण (साक्षात्कार) — 275 अंक
साक्षात्कार नई दिल्ली में UPSC भवन (धौलपुर हाउस) में होता है। नोटिफिकेशन के अनुसार उम्मीदवार का इंटरव्यू एक बोर्ड लेता है जिसके सामने उसका पूरा रिकॉर्ड होता है। इसका उद्देश्य यह देखना है कि उम्मीदवार लोक सेवा के लिए व्यक्तिगत रूप से उपयुक्त है या नहीं। यह ज्ञान की परीक्षा से ज़्यादा एक "स्वाभाविक, पर उद्देश्यपूर्ण बातचीत" है, जिसमें मानसिक सजगता, संतुलित निर्णय, नेतृत्व, बौद्धिक और नैतिक ईमानदारी जैसी बातें परखी जाती हैं।
मुख्य बातें:
- अंक: 275, और इसमें कोई न्यूनतम क्वालिफाइंग अंक नहीं है।
- समय-सारिणी: CSE 2025 में इंटरव्यू 8 दिसंबर 2025 से शुरू हुए, सुबह 9 बजे और दोपहर 1 बजे के दो सत्रों में। तय तारीख बदलने का अनुरोध सामान्यतः स्वीकार नहीं होता। उम्मीदवारों को ट्रेन के स्लीपर/द्वितीय श्रेणी के किराए तक यात्रा व्यय की प्रतिपूर्ति मिलती है।
- भाषा: पिछले वर्षों के नियमों के अनुसार, जिसने मुख्य परीक्षा किसी भारतीय भाषा में लिखी है, वह इंटरव्यू उसी भाषा, हिंदी या अंग्रेज़ी में दे सकता है; अंग्रेज़ी माध्यम वाला अंग्रेज़ी, हिंदी या पेपर-A वाली भारतीय भाषा चुन सकता है। पेपर-A से छूट वाले उम्मीदवार हिंदी या अंग्रेज़ी चुनते हैं। यानी हिंदी माध्यम का उम्मीदवार पूरा इंटरव्यू हिंदी में दे सकता है। (2027 के नोटिफिकेशन में यह नियम दोबारा देख लें।)
चरण 7: अंतिम परिणाम, सेवा आवंटन और रिज़र्व लिस्ट
अंतिम मेरिट 2025 अंकों (मुख्य परीक्षा 1750 + साक्षात्कार 275) पर बनती है। इसी रैंक, आपकी दी गई सेवा/कैडर वरीयता, श्रेणी और रिक्तियों के आधार पर सेवा आवंटित होती है। CSE 2026 नोटिफिकेशन में 23 सेवाएँ सूचीबद्ध हैं, जिनमें IAS, IFS, IPS और विभिन्न ग्रुप 'A' व ग्रुप 'B' केंद्रीय सेवाएँ शामिल हैं। सेवा आवंटन और कैडर आवंटन सरकार (DoPT/संबंधित मंत्रालय) करती है, UPSC केवल अनुशंसा करता है।
CSE 2025 का उदाहरण:
- अंतिम परिणाम 6 मार्च 2026 को आया; 958 उम्मीदवारों की अनुशंसा हुई (सामान्य 317, EWS 104, OBC 306, SC 158, ST 73)।
- रिज़र्व लिस्ट में 258 उम्मीदवार रखे गए। अगर अनुशंसित उम्मीदवारों में से कुछ सेवा नहीं लेते, या रिक्तियाँ बचती हैं, तो सरकार की माँग पर इस सूची से आगे अनुशंसा की जाती है।
- सामान्य वर्ग का अंतिम कट-ऑफ (2025 में से) 963 रहा; CSE 2024 में यह 947 था।
- अंक परिणाम के लगभग 15 दिन में वेबसाइट पर डाले जाने की बात कही गई थी।
प्रतिभा सेतु: जो उम्मीदवार साक्षात्कार तक पहुँचे पर अंतिम सूची में नहीं आए, उनकी जानकारी (सहमति से) UPSC के प्रतिभा सेतु पोर्टल के माध्यम से अन्य नियोक्ताओं को उपलब्ध कराई जा सकती है। 2026 नोटिफिकेशन के अनुसार यह जानकारी रिज़र्व/एक्सटेंडेड लिस्ट के उपयोग के बाद साझा होती है।
चरण 8: ट्रेनिंग
चयन के बाद अधिकतर सेवाओं के अधिकारी पहले एक साझा फाउंडेशन कोर्स करते हैं, जिसकी सबसे जानी-मानी जगह लाल बहादुर शास्त्री राष्ट्रीय प्रशासन अकादमी (LBSNAA), मसूरी है। इसके बाद हर सेवा अपनी अकादमी में प्रशिक्षण लेती है:
| सेवा | प्रशिक्षण संस्थान |
|---|---|
| IAS | LBSNAA, मसूरी (फिर राज्य कैडर में ज़िला प्रशिक्षण) |
| IPS | सरदार वल्लभभाई पटेल राष्ट्रीय पुलिस अकादमी (SVPNPA), हैदराबाद |
| IFS (विदेश सेवा) | सुषमा स्वराज विदेश सेवा संस्थान, नई दिल्ली |
| IRS (आयकर) | राष्ट्रीय प्रत्यक्ष कर अकादमी (NADT), नागपुर |
ट्रेनिंग के दौरान वेतन मिलता है और इसके बाद प्रोबेशन पूरा होने पर नियमित पद।
CSE 2027 की अनुमानित टाइमलाइन
पहले तीन पंक्तियाँ UPSC कैलेंडर 2027 से हैं; बाकी तिथियाँ पिछले चक्रों (विशेषकर CSE 2025) के पैटर्न पर आधारित अनुमान हैं।
| चरण | तिथि | स्थिति |
|---|---|---|
| नोटिफिकेशन | 13 जनवरी 2027 | आधिकारिक कैलेंडर |
| आवेदन की अंतिम तिथि | 2 फरवरी 2027 | आधिकारिक कैलेंडर |
| ई-एडमिट कार्ड | मई 2027 का मध्य (परीक्षा से पहले वाले सप्ताह का अंतिम कार्य-दिवस) | नोटिफिकेशन के नियम से अनुमान |
| प्रारंभिक परीक्षा | 23 मई 2027 (रविवार) | आधिकारिक कैलेंडर |
| प्रारंभिक परिणाम | जून 2027 का मध्य | अनुमान (2025: 11 जून, 2026: 15 जून) |
| विवरण अपडेट विंडो (DAF-I) | परिणाम के बाद 10 दिन | नोटिफिकेशन के नियम से अनुमान |
| मुख्य परीक्षा | 20 अगस्त 2027 से, 5 दिन | आधिकारिक कैलेंडर |
| मुख्य परीक्षा परिणाम | नवंबर 2027 | अनुमान (2025: 11 नवंबर) |
| विवरण अपडेट (DAF-II) | मुख्य परिणाम के बाद 15 दिन | नोटिफिकेशन के नियम से अनुमान |
| साक्षात्कार | दिसंबर 2027 से फरवरी 2028 के आसपास | अनुमान (2025 चक्र: 8 दिसंबर से) |
| अंतिम परिणाम | मार्च–अप्रैल 2028 के आसपास | अनुमान (CSE 2025: 6 मार्च 2026) |
अगर आप 2027 में पहला प्रयास देने वाले हैं, तो आपके पास सितंबर 2026 से प्रारंभिक परीक्षा तक लगभग 8 महीने हैं। तैयारी का क्रम तय करने के लिए UPSC की तैयारी कैसे करें और समय की योजना के लिए UPSC की तैयारी कब से करें पढ़ें।
IAS Ki Pariksha Kaise Hoti Hai — क्या IAS की परीक्षा अलग होती है?
नहीं। IAS के लिए कोई अलग परीक्षा नहीं होती। IAS, IPS, IFS, IRS समेत सभी सेवाओं के लिए एक ही सिविल सेवा परीक्षा होती है — वही प्रारंभिक, वही मुख्य और वही साक्षात्कार। अंतर केवल अंतिम रैंक और आपकी वरीयता का है: IAS की सीटें सीमित होती हैं, इसलिए यह सेवा आम तौर पर ऊपरी रैंक वालों को मिलती है। (भारतीय वन सेवा यानी IFoS की प्रारंभिक परीक्षा CSE के साथ ही होती है, पर उसकी मुख्य परीक्षा अलग होती है।)
चरणवार सामान्य गलतियाँ
- CSAT को हल्के में लेना: हर साल कई अच्छे GS स्कोर वाले उम्मीदवार 66 अंक न आने से बाहर होते हैं। कम से कम 5–6 पुराने CSAT पेपर समय लगाकर हल करें।
- अंधाधुंध अनुमान: 0.66 की कटौती के साथ बिना आधार के तुक्के नुकसान करते हैं; जहाँ दो विकल्प तक पहुँच गए हों वहाँ जोखिम लेना अलग बात है।
- भाषा पेपर की अनदेखी: पेपर-A/B में 25% न आने पर पूरी मुख्य परीक्षा बेकार हो जाती है।
- विंडो चूकना: प्रारंभिक परिणाम के बाद 10 दिन और मुख्य परिणाम के बाद 15 दिन की विंडो चूकने पर उम्मीदवारी खत्म।
- वरीयता जल्दबाज़ी में भरना: 2026 से सेवाओं/कैडर की वरीयता आवेदन में ही भरनी है और बाद में बदलाव बहुत सीमित है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
ias ki pariksha kaise hoti hai, क्या यह UPSC परीक्षा से अलग है?
नहीं। IAS अधिकारी UPSC की सिविल सेवा परीक्षा से ही चुने जाते हैं। तीन चरण हैं: प्रारंभिक (2 वस्तुनिष्ठ पेपर), मुख्य (9 लिखित पेपर) और साक्षात्कार (275 अंक)। अंतिम रैंक और आपकी वरीयता से तय होता है कि आपको IAS मिलेगा या कोई अन्य सेवा।
क्या प्रारंभिक परीक्षा के अंक अंतिम रैंक में जुड़ते हैं?
नहीं। नोटिफिकेशन साफ़ कहता है कि प्रारंभिक परीक्षा के अंक अंतिम मेरिट तय करने में नहीं गिने जाते। अंतिम मेरिट मुख्य परीक्षा (1750) और साक्षात्कार (275) के कुल 2025 अंकों पर बनती है।
UPSC में नेगेटिव मार्किंग कितनी है?
केवल प्रारंभिक परीक्षा में। हर गलत उत्तर पर उस प्रश्न के अंकों का एक-तिहाई कटता है — GS पेपर-I में 0.66 और CSAT में 0.83। खाली छोड़े प्रश्न पर कोई कटौती नहीं। मुख्य परीक्षा में नेगेटिव मार्किंग नहीं होती।
क्या पूरी UPSC परीक्षा हिंदी में दी जा सकती है?
हाँ। प्रारंभिक परीक्षा का प्रश्नपत्र हिंदी-अंग्रेज़ी दोनों में आता है, मुख्य परीक्षा के निबंध, GS और वैकल्पिक पेपर हिंदी में लिखे जा सकते हैं, और साक्षात्कार भी हिंदी में दिया जा सकता है। केवल पेपर-B (अंग्रेज़ी) अंग्रेज़ी में ही लिखना होता है, जो क्वालिफाइंग है। हिंदी माध्यम की चुनौतियों पर विस्तार UPSC Hindi Medium में है।
मुख्य परीक्षा में कुल कितने पेपर और कितने दिन होते हैं?
कुल 9 पेपर, हर एक 3 घंटे का। इनमें 2 भाषा पेपर क्वालिफाइंग हैं और 7 पेपर (निबंध, GS I–IV, वैकल्पिक I–II) के 1750 अंक मेरिट में जुड़ते हैं। CSE 2027 की मुख्य परीक्षा कैलेंडर के अनुसार 20 अगस्त 2027 से 5 दिन में होगी।
साक्षात्कार में पास होने के लिए न्यूनतम अंक कितने हैं?
साक्षात्कार में कोई न्यूनतम क्वालिफाइंग अंक नहीं है। पर 275 अंक अंतिम रैंक में जुड़ते हैं, इसलिए 20–30 अंक का अंतर भी रैंक और सेवा बदल सकता है।
UPSC का कट-ऑफ कब और कैसे पता चलता है?
UPSC प्रारंभिक, मुख्य और अंतिम — तीनों कट-ऑफ पूरी परीक्षा का अंतिम परिणाम आने के बाद एक साथ जारी करता है। उदाहरण के लिए CSE 2025 के कट-ऑफ मार्च 2026 में आए, जिनमें सामान्य वर्ग का प्रारंभिक कट-ऑफ 92.66 था।
रिज़र्व लिस्ट क्या होती है?
अंतिम परिणाम के साथ UPSC अनुशंसित सूची के नीचे कुछ उम्मीदवारों की एक आरक्षित सूची रखता है। अगर रिक्तियाँ खाली रह जाती हैं, तो सरकार की माँग पर इसी सूची से आगे नाम भेजे जाते हैं। CSE 2025 में इस सूची में 258 उम्मीदवार थे।
UPSC की पूरी प्रक्रिया में कितना समय लगता है?
नोटिफिकेशन से अंतिम परिणाम तक लगभग 13–14 महीने। CSE 2025 का नोटिफिकेशन जनवरी 2025 में आया था और अंतिम परिणाम 6 मार्च 2026 को। इसके बाद ट्रेनिंग शुरू होती है।
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स्रोत
- UPSC — Examination Notice No. 05/2026-CSE, दिनांक 04.02.2026 (अंग्रेज़ी) — URN/CAF, लाइव फोटो, आधार की सलाह, फेस ऑथेंटिकेशन, आवेदन वापसी पर रोक, ई-एडमिट कार्ड व 30 मिनट पहले पहुँचने का नियम, प्रारंभिक/मुख्य परीक्षा योजना, नेगेटिव मार्किंग, CSAT 33%, प्रारंभिक अंक मेरिट में नहीं, 12–13 गुना व दोगुना अनुपात, पेपर A/B 25% नियम व छूट, 25 वैकल्पिक विषय + साहित्य भाषाएँ, माध्यम नियम, 10/15 दिन की विंडो, सेवा वरीयता, 275 अंक बिना न्यूनतम अंक, 23 सेवाएँ, 83/27 केंद्र, लगभग 933 रिक्तियाँ, प्रतिभा सेतु
- Vajiram & Ravi — New Changes in UPSC Notification 2026 — आवेदन के चार मॉड्यूल, करेक्शन विंडो 28 फरवरी–3 मार्च 2026
- Drishti IAS — UPSC Calendar 2027 — CSE 2027: नोटिफिकेशन 13 जनवरी, अंतिम तिथि 2 फरवरी, प्रारंभिक 23 मई, मुख्य 20 अगस्त 2027 (5 दिन)
- Vision IAS — UPSC Calendar 2027 Out — कैलेंडर 2027 की तिथियों की पुष्टि
- Drishti IAS — UPSC Prelims Result 2026 — परिणाम 15 जून 2026, 13,343 सफल, DAF विंडो 19–28 जून 2026, मुख्य परीक्षा 21 अगस्त 2026 से
- India.com — UPSC CSE Cut-off 2025 — CSE 2025 के श्रेणी-वार प्रारंभिक, मुख्य (739) और अंतिम (963) कट-ऑफ; आधिकारिक PDF: UPSC CSE 2025 Cut-off Marks
- ClearIAS — UPSC Cut-Off Marks 2024 — CSE 2024 के श्रेणी-वार कट-ऑफ (प्रारंभिक 87.98, मुख्य 729, अंतिम 947 सामान्य) और CSE 2023 प्रारंभिक 75.41
- Vision IAS — UPSC Mains 2025 Result — मुख्य परिणाम 11 नवंबर 2025, 2,736 साक्षात्कार हेतु
- Careers360 — UPSC CSE interview 2025 schedule — साक्षात्कार 8 दिसंबर 2025 से, 9 बजे/1 बजे सत्र, यात्रा व्यय, तारीख न बदलने का नियम
- Careers360 हिंदी — UPSC CSE 2025 अंतिम परिणाम — 6 मार्च 2026, 958 अनुशंसित, श्रेणी-वार संख्या, रिज़र्व लिस्ट 258, अंक 15 दिन में
- BYJU'S — Can I give the UPSC interview in Hindi? — साक्षात्कार की भाषा के नियम (पिछले नोटिफिकेशनों के आधार पर)
- UPSC — Previous Question Papers — प्रारंभिक/मुख्य प्रश्नपत्रों का स्वरूप (प्रश्नों की संख्या, अंक, निबंध)